सरस्वती विद्या मंदिर में छात्र संसद के पदाधिकारियों ने ली शपथ
देवरिया।नगर के शिक्षण संस्थान सरस्वती वरिष्ठ माध्यमिक विद्या मंदिर के माधव सभागार में नवीन सत्र हेतु नवनिर्वाचित छात्र संसद के पदाधिकारियों का शपथग्रहण समारोह आयोजित हुआ । कार्यक्रम के मुख्य अतिथि ने छात्र संसद को जिम्मेदारी और अधिकारों के संतुलन का सशक्त माध्यम बताया।
अपने संबोधन में प्रो. मिश्र ने कहा कि दायित्व और अधिकार एक-दूसरे के पूरक हैं तथा दायित्वों के सही निर्वहन से ही अधिकारों को वैधानिकता मिलती है। उन्होंने कहा कि छात्र संसद विद्यार्थियों में लोकतांत्रिक मूल्यों, संवाद कौशल और नेतृत्व क्षमता के विकास का प्रभावी मंच है।
विद्यालय के प्रधानाचार्य ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए कहा कि छात्र संसद के माध्यम से विद्यार्थियों को लोकतांत्रिक व्यवस्था, चुनाव प्रक्रिया और असहमति को स्वीकार करने की संस्कृति का व्यावहारिक ज्ञान प्राप्त होता है।
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की वंदना एवं भारत माता के चित्र पर पुष्प अर्पित कर दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। मुख्य अतिथि ने नवीन सत्र के लिए अनन्त नाथ त्रिपाठी को प्रधानमंत्री, अपूर्व नाथ त्रिपाठी को उप प्रधानमंत्री, अमृतमणि को सेनापति, आलोकित कुशवाहा एवं आलोक मणि को उप सेनापति तथा अनन्त द्विवेदी को मुख्य न्यायाधीश एवं हर्षवर्धन मिश्र को उप न्यायाधीश पद की शपथ दिलाई। विभिन्न कक्षा वर्गों से निर्वाचित छात्र सांसदों ने भी पद एवं गोपनीयता की शपथ ली।
कार्यक्रम का संचालन एवं छात्र संसद गठन का संयोजन अशोक यादव ने किया। इस अवसर पर विद्यालय के उपप्रधानाचार्य यजुवेंद्र त्रिपाठी, अखिलेश दीक्षित, दिलीप श्रीवास्तव, कौशल सिंह, अमरेन्द्र उपाध्याय, हृदय लाल सिंह, देवेन्द्र प्रजापति, प्रेम विकास, हरिनाथ त्रिपाठी सहित विद्यालय के समस्त आचार्य उपस्थित रहे।
