Yogi in Tokyo, Japan: सीएम योगी आदित्यनाथ अपने चार दिवसीय विदेश दौरे के तहत सिंगापुर के बाद बुधवार की सुबह-सुबह जापान पहुंचे हैं। टोक्यो पहुंचने पर योगी आदित्यनाथ का गर्मजोशी से स्वागत किया गया, जहां वाइस गवर्नर जुनिची इशिदेरा और भारतीय समुदाय के लोगों ने उनका स्वागत किया। यह दौरा, जो दो देशों के दौरे का हिस्सा है, मुख्यमंत्री की जापान की पहली यात्रा है – यह एक अहम पड़ाव है जो भारत और जापान के बीच गहरे होते सामरिक और सांस्कृतिक रिश्तों को दिखाता है। इस मौके की तस्वीरें सोशल मीडिया प्लेटफार्म ‘एक्स’ पर साझा करते हुए सीएम योगी ने लिखा- ‘Landed in Tokyo, Japan उगते सूरज की नवोन्मेषी भूमि को प्रभु श्री राम की पावन धरा के ‘आदित्य’ का नमस्कार…।’
सीएम योगी जापान में आज और कल यानी 25 और 26 फरवरी को रहेंगे। इस दौरान वे आठ प्रमुख कंपनियों के प्रतिनिधियों से मुलाकात करेंगे। जापान की हाईस्पीड मैग्लेव ट्रेन में 100 किलोमीटर की यात्रा के अलावा वे भारतीय समुदाय के लोगों को संबोधित भी करेंगे। सीएम योगी आदित्यनाथ की जापान यात्रा केवल तकनीकी जिज्ञासा तक सीमित नहीं है बल्कि इसे यूपी में आधुनिक परिवहन ढांचे के विस्तार की दृष्टि से भी काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
उत्तर प्रदेश में पहले ही एक्सप्रेसवे, मेट्रो और क्षेत्रीय रैपिड ट्रांजिट सिस्टम जैसी परियोजनाओं के जरिए गतिशील इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित किया जा रहा है। ऐसे में मैग्लेव जैसी भविष्य की तकनीक का प्रत्यक्ष अनुभव नीति निर्माण और दीर्घकालिक योजना के लिए काफी उपयोगी माना जा रहा है। इस ट्रेन में सुपरकंडक्टिंग मैग्नेट और अत्याधुनिक गाइडवे सिस्टम का उपयोग किया गया है जो इसे उच्च गति के साथ स्थिरता और सुरक्षा भी प्रदान करता है। फिलहाल ट्रायल चरण में संचालित यह ट्रेन जापान की तकनीकी क्षमता और नवाचार की मिसाल मानी जा रही है।
इसके पहले वह दो दिन की सिंगापुर यात्रा पर रहे। सिंगापुर में सीएम योगी की यात्रा काफी सफल रही। सीएम योगी ने बताया कि सिंगापुर में टीम यूपी को लगभग एक लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 60 हजार करोड़ के एमओयू ‘इन्वेस्ट यूपी’ द्वारा संपन्न किए जा चुके हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि यह निवेश प्रदेश को वन ट्रिलियन डॉलर इकॉनमी बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि दुनिया आज पूरी तरह पारदर्शी हो चुकी है। निवेशकों को प्रदेश में हो रही हर गतिविधि की जानकारी है। यही कारण है कि कम समय में यूपी को इतना बड़ा निवेश मिला है।
